Jamui -इमाम हुसैन याद में जिले के सभी प्रखंड के विभिन्न इलाकों से मुहर्रम पर्व के अवसर पर भव्य ताजिया जुलूस निकाला गया। पेंघी ,पांडो, गुगुलडीह, कर्बला से बड़े -बड़े झंडे सहित ढोल- नगाडा लाठी-डंडे के साथ जुलुस को चौक -चौराहों पर मातमपूर्ण माहौल में घुमाया गया। जुलूस के दौरान मुस्लिम समुदाय के युवाओं ने परंपरागत हथियार के साथ युद्ध कला प्रस्तुत किया। जुलूस में बच्चे, बूढ़े, युवा सभी या हुसैन या हुसैन नारे लगा रहे थे। जुलूस देखने के लिए दोनों समुदाय के लोग भी पहुंचे,जो लोगों के लिए आकर्षक का केंद्र बना रहा। वहीं अकीदतमंदों ने जुलुस में मुस्लिम धर्मावलंबियों के बीच चाय शरबत भी बांटे। इसके बाद ताजिए को मुस्लिम धर्मावलंबियों ने इमाम तक पहुंचाया। मौलाना मोहम्मद जमील अहमद ने बताया की हजरत इमाम हुसैन अपने परिवार के साथ कर्बला के मैदान में शहीद हो गए थे । लेकिन बातिल के आगे उन्होंने अपना सिर नहीं झुकाया ।जिसकी याद में त्याग और बलिदान की पर्व मोहर्रम पर मातमी ताजिया जुलुस निकाला जाता है। जिला अधिकारी अवनीश कुमार सिंह और पुलिस अधीक्षक डॉ शौर्य सुमन के निर्देश पर जिले में सभी जगह मजिस्ट्रेट और पुलिस बल की तैनाती की गई थी। वही बरहट प्रखंड में सुरक्षा व्यवस्था में बरहट थानाध्यक्ष एके आजाद, मलयपुर थानाध्यक्ष वीरभद्र सिंह ,एसआइ विनय कुमार, अनूप कुमार राजपूत, एएसआइ बिगन मुंडा, नित्यानंद सिंह, उप प्रमुख विजय ठाकुर ,पूर्व मुखिया अनिल यादव सहित कई गणमान्य लोग शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगे थे।
बरहट से शशिलाल की रिपोर्ट