फोटो: पुलिस अवर निरीक्षक अमरजीत कुमार
जमुई। जमुई एसपी विश्वजीत दयाल के निर्देश पर जिले के चंद्रदीप थाना के थानाध्यक्ष अरविंद कुमार और पुलिस अवर निरीक्षक अमरजीत कुमार को गंभीर आरोपों के बाद तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। दोनों पुलिस अधिकारियों पर शिकायतकर्ता को अवैध रूप से थाना हाजत में बंद रखने, प्राथमिकी दर्ज नहीं करने तथा विपक्षी से समझौता करने के लिए अनैतिक दबाव बनाने का आरोप सिद्ध होने के बाद यह कार्रवाई की गई।
मामला उस आवेदन से जुड़ा है, जिसमें पीड़ित ने आरोप लगाया था कि उसकी मां के साथ मारपीट की घटना की सूचना देने के बावजूद पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। 18 जून 2026 को थाना में आवेदन देने के बाद उसे 19 जून को बुलाया गया, लेकिन वहां पहुंचने पर प्राथमिकी दर्ज करने के बजाय उसे हाजत में बंद कर समझौते का दबाव बनाया गया।

फोटो: चंद्रदीप थानाध्यक्ष अरविंद कुमार
मामले की जांच सतीश सुमन अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) जमुई को सौंपी गई। जांच रिपोर्ट में थानाध्यक्ष अरविंद कुमार को कर्तव्य में घोर लापरवाही, स्वेच्छाचारिता, अमानवीय व्यवहार, अवैध रूप से परिवादी को हिरासत में रखने, संज्ञेय अपराध के बावजूद एफआईआर दर्ज नहीं करने तथा थाना के सीसीटीवी सिस्टम के रखरखाव में उदासीनता का दोषी पाया गया।
वहीं SI अमरजीत कुमार को भी शिकायतकर्ता को अवैध रूप से बंद रखने में सहयोगी, समझौते का दबाव बनाने और सीसीटीवी व्यवस्था की अनदेखी का दोषी माना गया। उल्लेखनीय है कि अमरजीत कुमार के खिलाफ इससे पहले भी अनुसूचित जाति के एक परिवादी की शिकायत पर एफआईआर दर्ज करने में टालमटोल के मामले में अनुशासनिक कार्रवाई हो चुकी है।
जांच रिपोर्ट के आधार पर दोनों अधिकारियों को सामान्य जीवन-यापन भत्ते पर तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए उनका मुख्यालय पुलिस केंद्र, जमुई (पुलिस लाइन) निर्धारित किया गया है।
कुमार नेहरू की रिपोर्ट



